Now 06:56AM
मेरे सर के लिए दो लाइन है...
तू बन रावण मैं राम ही अच्छा हूँ कल भी मैं प्यारा बच्चा था आज भी प्यारा बच्चा हूँ।
बस तुमने बदल दिया नजरिया अपना न मैं बदला हूँ न बदलूँगा तू बन रावण मैं राम ही अच्छा हूँ।
पता है इस सर ने बहुत दिखावा किया है यार पर मैं जैसा हूँ उनके लिए वैसा ही रहूँगा साला बदल गया तो मैं, मैं कहाँ रहा।
उनके बारे में ज्यादा सोच रहा हूँ ऐसा बिल्कुल नहीं है बस मेरी आदत है जिनको सर पर चढ़ाया है उन्हें फट से उतारा नहीं करता। गलती करे भी तो झट से फटकारा नहीं करता।
एक लाइन मैंने सुनी थी कि यार की जब हम जवाब नहीं देते तो भगवान उन्हें खुद जवाब देते हैं और हमसे बेहतर जवाब देते हैं।
मैं यहीं चाहता हूं उन्हें जवाब भगवान दे मैं नहीं...
अब ये उनके लिए बद्दुआ है दुआ है क्या पता यार
फिलहाल Good Morning My 🧡
Comments
Post a Comment
Thanks for being part of the Khilawan community. You can read our policy on moderating comments and learn more about our new updates keep subscribe...